पापी मनुष्य की प्रार्थना

हे प्रभु, आप हमारे अपराध हरते और हमारे पापों को अनदेखा करते हैं।  आप अपना क्रोध बनाये नहीं रखते, बल्कि दया करना चाहते हैं। आप हम पर दया करते, हमारे अपराध पैरों तले रौंद देते तथा हमारे सभी पाप गहरे समुद्र में फेंक देते हैं। (देखिए मीकाह 7:18-19) मुझ पापी पर दया कीजिए। हे पिता, मैंने स्वर्ग के विरुद्ध और आपके प्रति पाप किया है।  मैं आपका पुत्र कहलाने योग्य नहीं रहा। (लूकस 15:18-19) मेरे पापों के कारण आपके पुत्र को क्रूस पर क्रूर मृत्यु को अपनाना पडा। अपने पुत्र के लहू से मेरे हृदय को धो डालिए ताकि मैं शुद्ध हो जाऊँ और तेरे वचन के अनुसार अपने जीवन को ढाल सकूँ। हमारे प्रभु ख्रीस्त के द्वारा।  आमेन।  (-फादर फ्रांसिस स्करिया)